किस्मत हमारी ज़िंदगी पर असर डालती है। अपना परिवार, शुरुआती परिस्थितियाँ और हर अवसर हम नहीं चुनते। मेहनत से सारी असमानताएँ खत्म नहीं होतीं।

फिर भी कुछ तैयारी हमारे हाथ में है। उपयोगी हुनर सीखने से अवसर पहचानना और उसका फायदा उठाना आसान हो सकता है।

एक उदाहरण

एक उदाहरण सोचिए। एक नया डिज़ाइनर कोर्स पूरा कर चुका है, लेकिन साफ और उपयोगी स्क्रीन बनाने में मुश्किल होती है। सॉफ्टवेयर चलाना जानना काम का केवल एक हिस्सा है।

वह स्कूल के नोटिस का पन्ना और बुकिंग फॉर्म जैसे छोटे काम बनाता है। एक दोस्त उन्हें इस्तेमाल करके बताता है कि कहाँ उलझन हुई। राय सुनना हमेशा अच्छा नहीं लगता, लेकिन उससे अभ्यास की ज़रूरत समझ आती है।

कुछ महीने बाद एक छोटी वेबसाइट बनाने का काम आता है। उसने ठीक ऐसा काम पहले नहीं किया है, फिर भी अब दिखाने के लिए पूरे किए उदाहरण और पूछने के लिए उपयोगी सवाल हैं।

अभ्यास से काम अच्छी तरह करने की संभावना बढ़ी। काम मिलने या आगे सफल होने की गारंटी नहीं मिली; कोई और भी चुना जा सकता है।

दोनों स्थितियों में तैयारी काम आती है। अब वह अपने फैसले समझा सकता है, राय सुन सकता है और अधिक काम अपने दम पर पूरा कर सकता है।

मैंने क्या सीखा

सबको बराबर मौके नहीं मिलते। पैसे, स्वास्थ्य, भेदभाव, पारिवारिक ज़िम्मेदारियाँ और शिक्षा तक पहुँच हमारी क्षमता सीमित कर सकते हैं। केवल सफलता देखकर किसी की मेहनत का फैसला न करें।

उपयोगी सवाल है: मेरे पास जो समय और साधन हैं, उनसे क्या अभ्यास कर सकता हूँ? जवाब छोटा हो सकता है। छोटा मतलब बेकार नहीं है।

एक वास्तविक समस्या हल करने वाला हुनर चुनें। साफ संदेश लिखना, कोई चीज़ ठीक करना, खाना बनाना या काम का उपकरण इस्तेमाल करना भी हुनर है।

इतना छोटा काम बनाएँ कि पूरा कर सकें। पूछें, “कौन-सा हिस्सा इस्तेमाल करना मुश्किल था?” फिर उसी हिस्से को सुधारें।

भरोसेमंद होने का भी अभ्यास करें। अपनी क्षमता के बारे में सच बताएँ और अधिक समय चाहिए तो पहले कहें। हुनर तब और उपयोगी होता है जब लोग आपके काम करने के तरीके पर भरोसा कर सकें।

मैं चाहता हूँ कि मेरे बच्चे तब भी सीखते रहें जब उनकी प्रगति कोई न देखे। पहचान देर से मिल सकती है या उम्मीद से अलग रूप में मिल सकती है। उससे उनकी कीमत तय नहीं होती। सीखा हुआ उनके और आसपास के लोगों के काम फिर भी आ सकता है।

आज यह करके देखें

  1. एक हुनर से शुरू करें।कोई वास्तविक समस्या चुनें और उसके एक हिस्से का बीस मिनट अभ्यास करें।
  2. छोटा उदाहरण पूरा करें।काम इतना छोटा रखें कि अपने मौजूदा साधनों से पूरा कर सकें।
  3. एक सुधार पूछें।ऐसे व्यक्ति को काम दिखाएँ जो उपयोगी राय दे सके, फिर उसका सुझाव आज़माएँ।

आपके लिए एक सवाल

इस हफ्ते कौन-सा छोटा काम पूरा करके उपयोगी हुनर का अभ्यास कर सकते हैं?